हरियाणा की राजनीति में लम्बे समय तक विकास, स्थिरता और जन सेवा को आगे बढाने वाले लीडर है-भूपेन्द्र सिंह हुड्डा। वे हरियाणा के दो बार मुख्यमंत्री रहे हैं। उन्होंने एग्रीकल्चर, इंफ्रास्ट्रक्चर, एजुकेशन एवं इंडस्ट्रियल डेवलपमेंट को मजबूती से बढ़ाया। वे एक विजनरी लीडर, किसान हितेषी, मजबूत प्रशासक व जमीन से जुड़े नेता रहे हैं।

भूपेंद्र सिंह हुड्डा का जीवन परिचय

भूपेंद्र हुड्‌डा का जन्म हरियाणा के रोहतक जिले के सांघी गांव में 15 सितम्बर 1947 को हुआ था। उनके पिता चौधरी रणबीर सिह एक स्वतंत्रता सेनानी और कांग्रेस के प्रमुख नेता रहे थे।

भूपेंद्र सिंह हुड्डा की शिक्षा

हुड्‌डा ने अपनी शिक्षा रोहतक, सोनीपत और दिल्ली विश्व विद्यालय से की थी। उन्होने Low में डिग्री ली। छात्र जीवन से ही वो डिबेटिंग, पब्लिक इंगेजमेंट एवं पब्लिक एक्टिविज्म में एक्टिव रहे। युवा राजनीति ने उन्हें articulate speaker, analytical-thinker and politically aware individual बनाया जो उनकी लीडर शिप स्टाइल में झलकता है।

राजनीति

युवा अवस्था से ही हुड्‌डा राजनीति में सक्रिय हो गये। कांग्रेस पार्टी से 1980 में वे लोक सभा सदस्य चुने गये। बाद में वे कई बार सांसद रहे। वे राष्ट्रीय स्तर के डिसीजन में प्रमुख भूमिका निभाते रहे।

लोकप्रियता

किसान के मुद्दो पर गहरी समझ

जनता से सीधा संवाद

* विकास को प्रथम वरीयता

* स्वच्छ छवि 

किसान नेता

एक लंबे समय तक वे "ऑल इंडिया किसान खेत मजदूर कांग्रेस के अध्यक्ष रहे। किसानों के लिए उन्होंने सिंचाई सुविधाऐं, MSP, भूमि अधिकार, मण्डियों में सुधार एवं कृषि नीतियों में योगदान दिया। उनका विचार था "Strong agriculture means strong India"

मुख्यमंत्री के रूप में

भूपेन्द्र सिंह हुड्डा का प्रथम कार्यकाल 2005 से 2009 तक, एवं द्वितीय कार्यकाल 2009 से 2014 तक का रहा। उनके कार्यकाल को हरियाणा का Golden period of development कहा जाता है।

1. इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट

* नई सडकों का निर्माण

* मेट्रो का विस्तार

फ्लाईओवर एंड अर्बन ट्रांसपोर्टेशन

* NCR से रोहतक को जोड़ना

2. इंडस्ट्रियल ग्रोथ 

* IMT मानेसर जैसी इंडस्ट्रियल हब 

* हरियाणा को आटो- मैन्युफैक्चरिंग हब बनाना 

3. स्पोर्ट डेवलपमेंट

* हरियाणा को खेलों का पावर हाउस कराना

* स्टेडियम, ग्रांट और सुविधाएँ देना

* ओलंपिक में सफलता दिलाना

4. शिशा व हेल्थ सुधार

नयी यूनिवर्सिटी

* मेडिकल और अस्पतालों का विकास

* स्कूलों में इंफ्रास्ट्रक्चर और टीचर अपॉइंटमेंट में सुधार

सोशल वेलफेयर 

* महिलाओं, गरीबों, बुजुर्गो के लिये योजनाएँ

* ग्रामीण अंचल में बिजली-पानी

राष्ट्रीय राजनीति   

राष्ट्रीय राजनीति में वे प्रमुख स्थान रखते हैं। लोकसभा में प्रखर वक्ता, कृषि एवं ग्रामीण मुद्दों expert voice, कांग्रेस वर्किग कमेटी के सक्रिय सदस्य रहे है। उनकी छवि एक बैलेंस्ड, mature and policy driven लीडर की है।

* सौम्य, शांत व सरल

* किसान हितेषी 

* जनता से सीधा जुड़ाव

* स्वच्छ छवि 

विजनरी लीडर

उनका नेतृत्व development + stability के सिद्धांत पर आधारित है।

उनका मानना है- "मजबूत नेतृत्व वह है जो अपनी जड़ों को न भूले और विकास को सबसे ऊपर रखे।"

उन्होंने हरियाणा को नेशनल मैप पर मजबूत पहचान दिलाई। एग्रीकल्चर, इंफ्रास्ट्रक्चर क्षेत्र में उनके विकास की खनक दिखाई देती है।