भ्रष्टाचार को लेकर सत्ता पक्ष और विपक्ष के नेताओं का रवैय्या

By :Admin Published on : 24-May-2024
भ्रष्टाचार

केजरीवाल की मुश्किलें 4 जून के बाद काफी बढ़ सकती हैं। पीएम मोदी ने लोकसभा चुनाव प्रचार में एक चुनावी जनसभा को संबोधित करते हुए ये ऐलान किया है कि किसी भी भ्रष्टाचारी को बक्शा नहीं जाएगा। 

भ्रष्टाचार में लिप्त हर एक शख्स की जिंदगी जेल की सलाखों के पीछे ही गुजरेगी। भ्रष्टाचार करने वालों को ऐसा सबक सिखाया जाएगा कि उनकी आने वाली सात पीढ़ियां तक याद रखेंगी। 

केजरीवाल का कहना है कि यदि जनता का इस बार भरपूर आशीर्वाद मिला तो कोई भी शक्ति मुझे जेल नहीं भेज सकेगी। 

केजरीवाल के इस बयान को माननीय अमित शाह ने सुप्रीम कोर्ट की अवहेलना और अनादर करार देते हुए कहा कि केजरीवाल इस गलतफहमी में हैं कि सुप्रीम कोर्ट से उन्हें क्लीन चिट मिल गई है। लेकिन, वह यह भली भांति समझलें कि कोर्ट के अनुसार 2 जून को उन्हें जेल में जाना ही पड़ेगा।  

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इंडी अलायंस के शीर्ष नेतृत्व ने भाजपा पर गंभीर आरोप लगाए हैं   

आम आदमी पार्टी और विपक्ष के सभी राजनीतिक दलों के शीर्ष नेता लगातार मोदी सरकार पर भ्रष्टाचारियों के संरक्षक होने का आरोप लगाते रहे हैं। विपक्ष का कहना है कि भाजपा द्वारा देश से विपक्ष मिटाओ अभियान चलाया जा रहा है। 

इस अभियान में सरकारी एजेंसियों का अपनी शक्ति के बल पर जबरदस्ती दुरुपयोग किया जा रहा है। विपक्ष का जो नेता टूट जाता है भाजपा उसको अपनी वाशिंग मशीन में धोकर निष्पाप और निर्मल कर देती है। 

आप नेता संजय सिंह ने कहा है, कि पीएम मोदी को भ्रष्टाचार और भ्रष्टाचारियों से लेश मात्र भी द्वेष या दिक्कत नहीं है। इस बात का उदाहरण देते हुए उन्होंने भाजपा में शामिल भ्रष्टाचार के मामले में लिप्त नेताओं की लंबी चौड़ी फहरिश्त का जिक्र किया।     

J&K पूर्व गवर्नर सत्यपाल मलिक ने भी पीएम मोदी पर आरोप लगाए हैं    

जम्मू कश्मीर के पूर्व राज्यपाल सत्यपाल मलिक ने पुलवामा हमले में शहीद जवानों की मौत के लिए पीएम मोदी और उनकी सरकार की लापहरवाही को जिम्मेदार ठहराने के साथ-साथ उन्होंने कहा था कि मुझे एक टेंडर पास करवाने के लिए 300 करोड़ रुपए की रिश्वत का प्रलोभन दिया गया था। यह बात मैंने मोदी जी से स्वयं कही लेकिन उनको इससे कोई खास फर्क नहीं पड़ा।

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