* LPG रिफिल Gap 25 days
* नये गैस सिलेंडर बुकिग रुल का असर
भारत देश में ज्यों-ज्यों जनता जागरुक हो रही है, वैसे-वैसे संसाधनों में लगातार वृद्धि होती जा रही है। वैसे तो भारत की अधिकतम आबादी गाँवों में बसती है। ग्रामीण परिवेश में आज के समय में लोग खाना बनाने के लिए परम्परागत साधनों को (जैसे लकड़ी, उपलों, अंगीठी) आदि को छोड़कर गैस चूल्हे का उपयोग करने लगे है। आज के समय में गैस वितरण प्रणाली और बढ़ती मांग को देखते हुऐ गैस सिलेंडर बुकिंग रुल में बदलाव की चर्चा तेज हो गयी है।
हाल की परिस्थितियों में पोलिसी Hike के बाद खबर सामने आयी है कि अब LPG रिफिल बुकिंग के बीच का अन्तराल बढाकर 25 दिन तक का किया जा सकता है। अर्थात एक सिलेंडर की डिलीवरी के बाद उपभोक्ता तुरन्त दूसरा सिलेंडर बुक नही कर पायेंगे। लगातार बढ़ती गैस की मांग को देखते हुए सप्लाई मैनेजमेंट को बेहतर बनाने की जरूरत महसूस की जा रही है।
इस लेख में हम गैस सिलेंडर बुकिंग रुल change, LPG रिफिल गेप बढाने का कारण और आम उपभोक्ताओं पर पड़ने वाले इसके असर को समझेंगे।
पिछले एक दशक से देश में LPG ग्राहको की बढ़ती संख्या जिसमें सरकार की योजना और जागरुकता अभियान, खासकर उज्ज्वला योजना की वजह से ग्रामीण क्षेत्र में भी तेजी से गैस कनेक्शन बढ़े हैं और गैस की मांग लगातार बढ़ रही है। भारत में मुख्य रूप से तीन आयल मार्केटिंग कम्पनी घरेलू गैस की आपूर्ति करती हैं।
* इण्डियन आयल
* भारत पेट्रोलियम
* हिन्दुस्तान पेट्रोलियम
इन कम्पनियों का वितरण नेटवर्क बड़ा है जो गैस सिलेंडर को उपभोक्ता तक पहुंचाती है।
वितरण प्रणाली पर अनावश्यक दबाव को कम करने के लिए ऐसे संभावित कदम उठाए जा सकते हैं।
LPG रिफिल गेप 25 दिन का तात्पर्य
यदि नियम लागू होता है तो उपभोक्ता को नया सिलेडर बुक करने से पहले कम से कम 25 दिन का इन्तजार करना पड़ेगा
उदाहराणार्थ
यदि किसी उपभोक्ता को 01 मार्च को डिलीवरी मिली तो वह लगभग 25 मार्च के आस पात अगली बुकिंग कर पायेगा।
बुकिंग का उद्देश्य उपभोक्ता को समान रूप से सिलेंडर पहुंचाना और गैस उपलब्धता को संतुलित रखना है।
पॉलिसी hike और गैस वितरण व्यवस्था
Policy Hike का सम्वन्ध गैस की कीमत, सब्सिडी, और वितरण नीति से होता है। अंतराष्ट्रीय बाजार में जब ऊर्जा संसाधनों की कीमत बढ़ती है तो घरेलू बाजार में इसका असर दिखाई देता है। ऐसे में सरकार और कम्पनिया गैस की उपलब्धता बनाए रखने के लिए बुकिंग रूल्स और वितरण प्रणाली में सुधार करती है।
1. बढ़ती मांग
नये कनेक्शन जारी होने से गैस सिलेंडर उपभोक्ताओं की मांग पहले की तुलना में अधिक हो गयी है।
2. वैश्विक बाजार का असर
कच्चे तेल की कीमत बढ़ने से गैस की लागत बढ़ जाती है।
3. लॉजिस्टिक चुनौती
परिवहन, Bottling Plant क्षमता और वितरण नेटवर्क सीमाएं के कारण वितरण प्रभावित होता है।
बुकिंग रुल चेंज के सम्भावित उद्देश्य
नियम लागू करने के पीछे प्रशासनिक और व्यवहारिक कारण हो सकते हैं।
1. उपभोक्ताओं को समान गैस उपलब्ध कराना
कुछ उपभोक्ता बार-बार गैस बुक कराते हैं, तो अन्य उपभोक्ताओं को गैस समय पर नही मिलती है। अतः बुकिंग अन्तराल जरूरी माना जाता है।
2. ब्लैक मार्केट पर रोक
कुछ मामलो में देखा गया है कि कुछ लोग घरेलू गैस सिलेंडर का Commercial उपयोग करते है या अधिक बुकिंग करके उसे बाजार में बेच देते हैं।
3. वितरण प्रणाली को संतुलित करना
25 दिन अंतराल रखने से वितरण प्रणाली पर दबाब कम किया जा सकता है।
1. सिंगल कनेक्शन वाले परिवार
जिन परिवारों पर सिंगल कनेक्शन है, उन्हें गैस उपयोग की योजना पहले से बनानी होगी। जल्दी गैस खत्म होने पर परेशानी होगी।
2. डबल कनेक्शन वाले परिवार
जिनके पास दो सिलेंडर हैं, उन्हें समस्या नहीं होगी। गैस खत्म होने पर दूसरा सिलेंडर लगाया जा सकता है।
3. बुकिंग योजना जरूरी
आज के दौर में कई तरीके मौजूद है। जैसे- मोबाइल एप बुकिंग, आन लाइन पोर्टल, ivr कॉल व्हाट्सअप सर्विस
उपभोक्ताओं के लिए आवश्यक सुझाव
* गैस उपयोग रिकार्ड रखने पर पता चल जाएगा कि गैस कब खत्म होती है।
* समय से पहले बुकिंग करके
* अतरिक्त सिलेंडर पर विचार करके
* अधिकृत डीलर से गैस लेकर
भविष्य में LPG वितरण प्रणाली सम्भावित भविष्य में
* स्मार्ट सिलेंडर ट्रेकिंग
* ओटोमेटिक बुकिंग रिमाइंडर
* डिजिटल डिलीवरी मोनी टरिंग
* बेहतर सबसिडी मैनेजमेंट
जैसी सुविधाएं उपभोक्ताओं को मिल सकती हैं।
गैस सिलेंडर बुकिंग रुल चेंज और LPG रिफिल गेप 25 दिन गैस उपलब्धता, वितरण प्रणाली संतुलित करने के लिए है। शुरुआत में थोडी परेशानी हो सकती है। यदि सही तरीके से लागू किया जाये तो वितरण अधिक व्यवस्थित हो सकता है।